प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ड्रीम प्रोजेक्ट गौवंश संरक्षण अभियान की हकीकत जिले में सवालों के घेरे में है। गौशालाओं के लिए मिलने वाला बजट कागजों में खर्च दिखाया जा रहा है, लेकिन जमीनी स्तर पर गौवंश भूख, प्यास और इलाज के अभाव में दम तोड़ रहे हैं।
पहाड़ी ब्लॉक स्थित गल्ला मंडी गौशाला की स्थिति सबसे ज्यादा चिंताजनक बताई जा रही है। गो सम्मान आवाहन अभियान के जिला प्रभारी राजाराम राही ने निरीक्षण के दौरान गंदगी, चारे की कमी और बीमार गौवंश की दयनीय हालत उजागर की।
मामले की जानकारी विश्व हिंदू महासंघ गौरक्षा प्रकोष्ठ के जिला अध्यक्ष धीरज त्रिपाठी को दी गई, जिसके बाद सीडीओ ने जांच के आदेश जारी किए हैं। अब देखना होगा कि दोषियों पर कार्रवाई होती है या मामला एक बार फिर ठंडे बस्ते में चला जाता है।



