अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर समाहरणालय सभागार, सरायकेला में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जोबा मांझी उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ सांसद जोबा मांझी, उप विकास आयुक्त सुश्री रीना हांसदा, सरायकेला–खरसावाँ विधानसभा के विधायक प्रतिनिधि श्री सानंद आचार्य, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी श्रीमती सत्या ठाकुर, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा श्रीमती निवेदिता राय तथा सेविकाओं द्वारा सामूहिक रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम में सभी CDPO, महिला प्रवेक्षिका, विभिन्न क्षेत्रों की सेविकाएं और संबंधित विभागों के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान जिला समाज कल्याण पदाधिकारी श्रीमती सत्या ठाकुर ने स्वागत भाषण देते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस महिलाओं के अधिकार, सम्मान और समान भागीदारी के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने का महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने महिला सशक्तिकरण, बालिका शिक्षा, पोषण, सुरक्षा और बाल विवाह उन्मूलन से जुड़ी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर बल दिया।
इस अवसर पर उप विकास आयुक्त सुश्री रीना हांसदा ने कहा कि यह दिवस महिलाओं को समर्पित है और आज महिलाएं राष्ट्र निर्माण, समाज विकास, नीति निर्धारण, राजनीति, शिक्षा और स्वास्थ्य सहित हर क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं को सशक्त और जागरूक बनाने के लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर प्रयास करना होगा।
अपने संबोधन में सांसद जोबा मांझी ने सभी को महिला दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि समाज के समग्र विकास के लिए महिलाओं का सशक्तिकरण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने बाल विवाह की समस्या पर चिंता जताते हुए कहा कि जागरूकता के अभाव में कम उम्र में बालिकाओं का विवाह कर दिया जाता है, जिससे वे शिक्षा और अपने अधिकारों से वंचित रह जाती हैं।
उन्होंने कहा कि बाल विवाह जैसी कुप्रथा को समाप्त करने के लिए समाज के सभी वर्गों को मिलकर कार्य करना होगा और नियमित रूप से जागरूकता कार्यक्रम चलाने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम के दौरान सांसद जोबा मांझी ने उपस्थित लोगों को बाल विवाह मुक्त समाज के निर्माण की शपथ भी दिलाई। कार्यक्रम के अंत में विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली सेविकाओं और सखी वन स्टॉप सेंटर की केंद्र प्रशासक को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।



